अलीगढ़ में ठिठुरते हुए आए मरीज जिला अस्पताल बिना इलाज के ही लौटे डॉक्टरों की कमी के चलते मरीज परेशान
अलीगढ़ में ठिठुरते हुए आए मरीज जिला अस्पताल बिना इलाज के ही लौटे डॉक्टरों की कमी के चलते मरीज परेशान अलीगढ़ के जयगंज की मधु शर्मा (23) को पेट के दायीं ओर निचले हिस्से में दर्द रहता है। निजी चिकित्सक की सलाह पर बुधवार दोपहर करीब 12 बजे आपरेशन के लिए जिला अस्पताल आईं। सर्जन 11 बजे उठ गए। वे बिना परामर्श, जांच व दवा के लौट गईं। अकराबाद के श्योराज सिंह भी परेशान दिखे। बोले, हृदय रोगी हूं। कई दिन से सांस लेने में परेशानी है। हृदय या सांस रोग के डाक्टर ही नहीं हैं। निजी चिकित्सक को दिखाकर लौट जाऊंगा।बुधवार को ऐसे कई मरीज सामने आए जो सर्दी में ठिठुरते हुए अस्पताल आए और बिना उपचार के लौट गए।ठंड में सर्दी, खांसी, जुकाम, सांस लेने में परेशानी, उच्च रक्तचाप, पेट, त्वचा, हृदय संबंधी परेशानियां बढ़ जाती हैं। जिला अस्पताल में सबसे अधिक मरीज इन्हीं बीमारियों के पहुंचते हैं, मगर एक फिजिशियन के सहारे ही सामान्य ओपीडी चलाई जा रही है, जिनके कक्ष के सामने सुबह से ही मरीजों की कतार लग जाती है। नए-पुराने 1100 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं।वहीं जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. ईश्वरदेवी बत्रा ने कहा कि चार माह पूर्व हृदय, हड्डी रोग, फिजिशियन समेत कई विशेषज्ञों के स्थानांतरण हो गए। तब से समस्या है। एक ही सर्जन हैं, जिन्हें ओपीडी भी करना है व आपरेशन भी। फिजियोथेरेपिस्ट मृतकाश्रित कोटे से थे। पद स्वीकृत न होने से नियुक्त नहीं हो पाई। उच्चाधिकारियों को निरंतर लिख रहे हैं।
